धारदार हथियार से वार कर रिक्शा चालक को किया गंभीर घायल, दो आरोपी हिरासत में
पुणे : रामनवमी की शोभायात्रा में हुए विवाद के कारण बी.टी. कवडे रोड पर एक समूह ने एक रिक्शा चालक युवक पर धारदार हथियार से हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया. मुंढवा पुलिस ने दो आरोपियों को हिरासत में लिया है.
घायल युवक का नाम अक्षय आनंद गवली (उम्र 30 वर्ष, निवासी कात्रज) है और उसका अस्पताल में उपचार चल रहा है.
उसके भाई अजिंक्य आनंद गवली (उम्र 27 वर्ष, निवासी शक्तिनगर, बी.टी. कवडे रोड, घोरपडी) ने मुंढवा पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है. पुलिस ने काशीराम मोघे (उम्र 30 वर्ष), अभिषेक मोघे (उम्र 27 वर्ष), नंदु नवनाथ थोरात (उम्र 29 वर्ष, तीनों निवासी बी.टी. कवडे रोड, घोरपडी) तथा उनके तीन अन्य साथियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है. यह घटना गुरुवार रात 11 बजे हडपसर रेलवे स्टेशन रोड स्थित जाधव बस्ती के पास हुई.
पुलिस के अनुसार, शिकायतकर्ता अजिंक्य गवली और उसका बड़ा भाई अक्षय गवली दोनों रिक्शा चालक हैं. अक्षय गवली रामनवमी के अवसर पर कात्रज से घोरपडी स्थित अपने भाई के घर आया था. इसके बाद वह यहां अखंड हिंदू संघ की शोभायात्रा में शामिल हुआ. इस शोभायात्रा में किसी का भी फोटो या बैनर न लगाने का निर्णय लिया गया था, लेकिन शोभायात्रा में काशीराम मोघे का बैनर लगा हुआ दिखाई दिया, जिसका अन्य लोगों और शिकायतकर्ता ने विरोध किया.
इसी बात को लेकर रात करीब साढ़े आठ बजे नंदु थोरात ने गाली-गलौज करते हुए धक्का-मुक्की की और शिकायतकर्ता को थप्पड़ मारा. इस दौरान दोनों पक्षों के बीच हाथापाई हुई. काशीराम मोघे और अन्य लोगों ने भी मारपीट की. बाद में वहां मौजूद लोगों ने हस्तक्षेप कर विवाद शांत कराया.
शोभायात्रा समाप्त होने के बाद अजिंक्य गवली अपने मित्र अमित परदेशी को छोड़ने के लिए जा रहा था, जो मांजरी स्थित जेड कॉर्नर में रहता है. इस दौरान अक्षय गवली, विनायक म्हेत्रे और उसका एक कर्मचारी मोटरसाइकिल से साथ जा रहे थे. ताडीगुट्टा चौक पर सिग्नल पर खड़े होने के दौरान काशीराम मोघे और नंदु थोरात ने उन्हें देखा और गाली-गलौज की.
इसके बाद वे वहां से निकल गए, लेकिन रात 11 बजे जब वे हडपसर रेलवे स्टेशन मार्ग से जा रहे थे, तब जाधव बस्ती के पास आरोपियों ने उन्हें रोक लिया. रामनवमी शोभायात्रा के विवाद को लेकर काशीराम मोघे और अभिषेक मोघे ने गाली-गलौज करते हुए अक्षय गवली पर धारदार हथियार से सिर, पेट, पैर और हाथ पर वार कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया.
उसे बचाने के लिए आगे आए अमित परदेशी, विनायक म्हेत्रे और उनके कर्मचारी के साथ नंदु थोरात और अन्य तीन लोगों ने गाली-गलौज करते हुए मारपीट की. गंभीर रूप से घायल अक्षय गवली को ससून अस्पताल में भर्ती कराया गया है. पुलिस ने दो आरोपियों को हिरासत में लिया है और वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक स्मिता वासनिक मामले की जांच कर रही हैं.
