अजब-गजब के रिश्ते
मैंने कई रिश्तों से गुज़रते हुए बहुत कुछ देखा है। मैंने उन लोगों को देखा जो दिल और जान से मरने वाले थे, पर उनके ही सीने में खंजर उतरते थे। जो लोग महफ़िलों में सीना चौड़ा करके सामने आते थे, उन्हें पीठ में वार करते देखा है। रात भर चादर की सिलवटों को और सुबह उसी चादर को सीधा होते भी देखा है। मैंने उन लोगों को भी देखा जो ताउम्र जख्म देते रहे, और फिर उनके कंधों पर सिर रखकर रोते थे। जिंदगी में बहारों का मौसम लेकर आने वाले लोगों को अक्सर ऐसे लोगों को विरानियों में बदलते हुए देखा है।