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प्रेम की छोंक

प्रेम की अनुभूति में डूबे प्रेमी युगल की भावुक तस्वीर प्रेम की अनुभूति में डूबे प्रेमी

मौसमी चंद्रा की पुस्तक इश्क है कि जादू-टोना से

मौसमी चंद्रा, पटना

मेरे दीप्त होंठ जब भी जुड़े हैं

तुम्हारे होठों से,

प्रेम की आँच से भीतर तक

सीझ जाती हूँ मैं!

मुझे लगता है,

कच्ची पड़ी संवेदनाओं की देह को

समय-समय पर

प्रेम की छोंक लगाते रहना चाहिए!
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