हॉर्न प्लीज !
बचपन से गाड़ियों पर लिखे इस छोटे से शब्द को बड़े गौर से पढ़ते चले आ रहे हैं।छोटे में ज़ब पापा की गाड़ी का हॉर्न बजा देती थी तो पापा बहुत गुस्सा होते थे, बोलते थे कि ये हॉर्न तब बजाते हैं ज़ब हमें साइड की आवश्यकता हो। लोग हॉर्न की आवाज सुनकर एक तरफ हो जाते हैं।
