फोटोशूट में व्यस्त मां, स्टूडियो परिसर के तालाब में गिरकर बच्चे की मौत

सुरेश परिहार, पुणे
गलुरु : जिस दिन को एक मां अपनी जिंदगी की खूबसूरत यादों में संजोना चाहती थी, वही दिन उसके लिए कभी न भरने वाला जख्म बन गया. सात माह की गर्भवती स्वाति अपने तीन साल के बेटे लक्षवीर के साथ मैटरनिटी फोटोशूट के लिए बेंगलुरु के गिद्दनहल्ली स्थित एक निजी स्टूडियो पहुंची थीं. लेकिन कुछ ही देर में खुशियों का यह पल मातम में बदल गया.
स्टूडियो, जो प्री-वेडिंग और मैटरनिटी शूट के लिए जाना जाता है, उसके परिसर में बने एक छोटे तालाब ने मासूम की जान ले ली. जब स्वाति कैमरे के सामने अपनी मातृत्व की मुस्कान सजा रही थीं, उसी दौरान उनका बेटा परिसर में खेलते-खेलते तालाब की ओर चला गया. किसी को भनक तक नहीं लगी कि तीन साल का नन्हा कदम मौत के इतने करीब पहुंच चुका है.
जब स्वाति ने बेटे को आसपास नहीं देखा तो उनकी बेचैनी बढ़ गई. तलाश शुरू हुई और कुछ ही पलों में वह तालाब में मिला. कर्मचारियों ने उसे बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी. डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. बताया जा रहा है कि तालाब में दो फीट से अधिक पानी था और बच्चा संभवत: फिसलकर कीचड़ में फंस गया.
घटना के समय स्वाति के पति, जो सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं, काम के सिलसिले में अमेरिका में थे. पत्नी से आखिरी बार उन्होंने यही सुना था कि वह बेटे के साथ फोटोशूट के लिए जा रही हैं. अब वह इस असहनीय दुख की खबर सुनकर लौट रहे हैं.
मदनायकनहल्ली पुलिस थाने में अप्राकृतिक मृत्यु का मामला दर्ज किया गया है. बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है. इस घटना ने एक बार फिर सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा इंतजामों और छोटे बच्चों की निगरानी को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. एक परिवार की खुशियां चंद लम्हों में उजड़ गईं और एक मां की गोद हमेशा के लिए सूनी हो गई.

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