अक्षय तृतीया पर सेवा, संस्कार और उत्सव का संगम
कांठेड़ परिवार ने अक्षय तृतीया पर गौशाला में सेवा कर जन्मदिन और व्यवसाय की वर्षगांठ को खास अंदाज में मनाकर समाज को प्रेरणादायक संदेश दिया।

कांठेड़ परिवार ने अक्षय तृतीया पर गौशाला में सेवा कर जन्मदिन और व्यवसाय की वर्षगांठ को खास अंदाज में मनाकर समाज को प्रेरणादायक संदेश दिया।
खरमास की समाप्ति के साथ 14 अप्रैल से मांगलिक कार्यों की शुरुआत हो जाएगी. इस बार 20 अप्रैल की अक्षय तृतीया सबसे खास मानी जा रही है, जिसे अबूझ मुहूर्त के रूप में विवाह, गृह प्रवेश और अन्य शुभ कार्यों के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है.