साहित्य व्यथा LIVE WIRE NEWS NETWORK4 months ago4 months ago21 mins यह कविता मन के अनकहे दर्द, रिश्तों की टूटन, सामाजिक कलुषता और भीतर पसरे परिताप को संवेदनशील शब्दों में व्यक्त करती है। हर पंक्ति एक ऐसे मन की आवाज़ है जो कहना भी चाहता है और छिपाना भी। Read More