Live Wire News literary portal with Gulmohar and Rajnigandha flowers
साधारण सूती साड़ी पहने महिला और ब्रांडेड कपड़ों में खड़ा पुरुष, सादगी और दिखावे के बीच भावनात्मक अंतर दर्शाता दृश्य

सिर्फ तुम चाहिए

यह कविता आधुनिक जीवन के दिखावे और सादगी के बीच के द्वंद्व को बेहद मार्मिक तरीके से प्रस्तुत करती है। कवि यह संदेश देता है कि रिश्तों में ब्रांड्स और बाहरी आडंबर नहीं, बल्कि सच्चाई और सादगी ही सबसे महत्वपूर्ण होती है। प्रेम का असली रूप व्यक्ति के भीतर होता है, न कि उसके पहनावे या स्टेटस में।

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