iPhone की EMI से ज्यादा पारिवारिक विवाद और भावनात्मक तनाव पर उठे सवाल; चाचा का दावा- माता-पिता को डराकर बात मनवाना चाहता था युवक
छत्रपति संभाजीनगर: खवड्या पहाड़ पर चांदगुडे परिवार के तीन सदस्यों की मौत का मामला अब सिर्फ iPhone की EMI के विवाद तक सीमित नहीं रह गया है. परिजनों के बयानों ने हादसे की पूरी तस्वीर को नया मोड़ दिया है. परिवार के अनुसार, 18 वर्षीय कुणाल चांदगुडे अपने माता-पिता को डराकर अपनी बात मनवाना चाहता था. इसी कोशिश में वह पहाड़ी के किनारे पहुंचा, लेकिन कुछ ही पलों में स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई.
परिजनों के मुताबिक, कुणाल के माता-पिता के बीच छोटी-मोटी बातों को लेकर बहस हुई थी. इसके बाद कुणाल गुस्से में पहाड़ पर चला गया. चाचा ने बताया कि उसका उद्देश्य कोई बड़ा कदम उठाना नहीं, बल्कि माता-पिता को डराकर अपनी बात मनवाना था. परिवार के लोग उसे सुरक्षित नीचे लाने के लिए पहुंचे. इसी दौरान अचानक संतुलन बिगड़ने से कुणाल और उसके पिता मुरलीधर चांदगुडे करीब 250 फीट गहरी खाई में जा गिरे. बेटे और पति को आंखों के सामने गिरता देखकर मां संगीता भी सदमे में पहाड़ से नीचे गिर गईं.
iPhone विवाद पर भी सवाल
शुरुआती जानकारी में कुणाल के iPhone की EMI को लेकर पिता से विवाद की बात सामने आई थी. हालांकि, परिजनों ने इसे हादसे की मुख्य वजह मानने से इनकार किया है. उनका कहना है कि कुणाल पढ़ाई में होनहार था और 10वीं में उसे 95 प्रतिशत अंक मिले थे. वह NEET की तैयारी कर रहा था.
छह साल पहले बड़े बेटे को भी खोया था
चांदगुडे परिवार पहले ही बड़े सदमे से गुजर चुका था. करीब छह साल पहले बीमारी के कारण कुणाल के बड़े भाई की मौत हो गई थी. इसके बाद कुणाल ही माता-पिता का एकमात्र बेटा और सहारा रह गया था.
हादसे के बाद मां-बेटे के पुराने वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आए हैं. इनमें दोनों के बीच गहरा लगाव दिखाई देता है. यही वजह है कि इस दर्दनाक घटना ने परिवार के परिचितों और स्थानीय लोगों को भी झकझोर दिया है. पुलिस अब हादसे की वास्तविक परिस्थितियों और विवाद के कारणों की जांच कर रही है.
