रिश्ते आईसीयू में …
आईसीयू के दरवाज़े से आती बीप-बीप की आवाज़ रिश्तों की बची-खुची संवेदनाओं पर अंतिम प्रहार कर रही थी। अस्पताल की मशीनें बस शरीर को खींच रही थीं, और बाहर घरवाले—इवेंट मैनेजमेंट कंपनी के स्मार्ट पैकेज में रिश्तों का अंतिम संस्कार तय कर रहे थे।”
