स्त्री-पुरुष के रिश्ते में नफरत नहीं, सम्मान जरूरी
स्त्री और पुरुष एक-दूसरे के विरोधी नहीं, बल्कि परिवार और समाज के समान भागीदार हैं। महिला सुरक्षा, आपसी विश्वास, बच्चों में संस्कार और स्त्रियों के अधिकारों का सम्मान करके ही एक सभ्य, सुरक्षित और समानतापूर्ण समाज का निर्माण किया जा सकता है।
