सूनी आँखें
सूनी आँखें” एक मार्मिक हिंदी कविता है, जो वृद्ध माता-पिता के अकेलेपन, उपेक्षा और उनके मन में अपने बच्चों के प्रति अटूट प्रेम को भावपूर्ण शब्दों में व्यक्त करती है। यह कविता हमें याद दिलाती है कि माता-पिता की सेवा और सम्मान ही सच्चा धर्म और सबसे बड़ा मानवीय कर्तव्य है
