
मुंबई, 24 फरवरी 2026. यात्रियों और माल परिवहन से इतर आय के नए स्रोत विकसित करने की दिशा में पश्चिम रेलवे ने उल्लेखनीय सफलता हासिल की है. वर्ष 2025–26 में 15 फरवरी तक फिल्म शूटिंग से 1.72 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड आय अर्जित कर रेलवे ने गैर-किराया राजस्व के क्षेत्र में नया मानदंड स्थापित किया है. यह आय पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 25 प्रतिशत अधिक है, जबकि वर्ष 2022–23 में यह आंकड़ा 1.64 करोड़ रुपये था.
यह उपलब्धि केवल आंकड़ों तक सीमित नहीं है, बल्कि रेलवे परिसरों को रचनात्मक उद्योगों के लिए आकर्षक लोकेशन में बदलने की रणनीति का परिणाम है. पश्चिम रेलवे के अंतर्गत आने वाले स्टेशन, प्लेटफॉर्म, यार्ड, मेल और एक्सप्रेस ट्रेनें, यहां तक कि उपनगरीय लोकल ट्रेनें भी फिल्मों, वेब सीरीज और विज्ञापनों की शूटिंग के लिए उपलब्ध कराई जा रही हैं. इससे फिल्म निर्माताओं को वास्तविक और जीवंत पृष्ठभूमि मिलती है, वहीं रेलवे को अतिरिक्त आय का सशक्त माध्यम प्राप्त होता है.
शूटिंग अनुमति प्रक्रिया को सिंगल विंडो प्रणाली के माध्यम से सरल बनाया गया है. प्रोडक्शन हाउस को केवल एक आवेदन देना होता है और बाकी सभी स्वीकृतियां जनसंपर्क विभाग समन्वय कर जारी करता है. सुरक्षा, परिचालन व्यवस्था और यात्रियों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए यह प्रक्रिया पारदर्शी और समयबद्ध रखी गई है.
विशेष उपलब्धि के रूप में पहली बार वंदे भारत एक्सप्रेस के अंदर शूटिंग की अनुमति दी गई, जिससे भारतीय रेलवे की आधुनिक छवि को वैश्विक मंच मिला. ओ रोमियो, फतेह, सिकंदर और कई प्रमुख ब्रांड विज्ञापनों की शूटिंग से रेलवे की ब्रांड वैल्यू भी बढ़ी है.
पश्चिम रेलवे अब अपने परिसरों को रचनात्मक अर्थव्यवस्था से जोड़ते हुए गैर-किराया आय के स्थायी और नवाचारी मॉडल के रूप में स्थापित होता दिख रहा है.