
मेघा अग्रवाल, प्रसिद्ध लेखिका, नागपुर (महाराष्ट्र)
प्रेम से दुनिया चलती है
नफ़रत से दुनिया मिटती है।
प्रेम जो दूरियां मिटाता है
नफरत दूरियां बढ़ाती है।
प्रेम ईश्वर की अद्भुभुत ताकत
नफ़रत मानावता पर कलंक।
प्रेम मान-सम्मान दिलाता है
नफ़रत लड़ाई झगड़ा दंगाफैलाता है
प्रेम हारी बाजी जितना सिखाता है
नफरत जीती बाजी हार जाता है।
प्रेम में सदा दिया जाता है
नफ़रत से सब खाक हो जाता है।
प्रेम बाँटो प्रेम करो तुम
मन में उल्लास भरो तुम
नफरत को त्यागो दुर भगाओ
भाई परिवार से प्यार करो तुम।